Ghar Shayari In Hindi - घर शायरी हिंदी में

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  • Posted on 14/10/2017
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    काैन चाहता है यूँ ही छोङकर आशियाँ अपना
    जिनके घर हो वो बंजारे नही हुआ करते...

  • Username Admin

    See Also :- Top 8 Benefits of Punarnava Boerhavia Diffusa

  • Posted on 11/12/2017
    Username Admin

    *** ghar shayari ***

    ङोर, चरखी, पतंग सब कुछ था..
    उसके घर की तरफ हवा ना चली..

  • Posted on 12/12/2017

    विश्वास

    उम्मीदें तैरती रहती हैं,
    कश्तीयां डूब जाती है..
    कुछ घर सलामत रहते हैं,
    आँधियाँ जब भी आती है..
    बचा ले जो हर तूफां से,
    उसे "आस" कहते हैं...
    बड़ा मज़बूत है ये धागा
    जिसे "विश्वास" कहते है...!!



  • Posted on 15/12/2017

    आसान नहीं

    *** ghar shayari ***

    आसान नहीं आबाद करना
    घर मोहब्बत का ....

    ये उनका काम है जो खुद को
    बर्बाद करने का होंसला रखते है ..



  • Posted on 25/01/2018

    मैं आया क्या

    मैं आया क्या अँधेरे बाद घर,
    तु है कि पूरा मुहल्ला छान बैठी मां|

    बापू ने ज़रा सा डाँटा क्या,
    तु है कि उनसे भी झगड़ बेठी मां|

    रूठा क्या तुझसे मैं एक पल,
    तु है कि मुझको ही रुला बैठी|

    लगी क्या मुझको ये नोकरी बाहर,
    तु प्यार से ज़्यादा हिदायतें देती रही मां|